DharmashalaHimachalShimla

शिमला-धर्मशाला फोरलेन के लिए रास्ता साफ, 30 से 45 मीटर तक होगा भूमि अधिग्रहण

Shimla-Dharmashal fourlane
nn

शिमला। प्रदेश के विकास के लिए सबसे महत्त्वाकांक्षी फोरलेन प्रोजेक्ट शिमला-धर्मशाला के निर्माण को लेकर रास्ता साफ हो गया है। फोरलेन निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण के आदेश भी जारी हो चुके हैं। इसके लिए एसडीएम स्तर के अधिकारियों की तैनाती की गई है। Shimla-Dharmashal fourlane

फोरलेन निर्माण के लिए नेशनल हाइवे अथॉरिटी (एनएचएआई) ने भूमि अधिग्रहण के आदेश जारी करते हुए तुरंत प्रभाव से प्रक्रिया को शुरू करने को कहा है। शिमला-धर्माशाला तक बनने वाले इस फोरलेन की अभी कुल दूरी 221 किलोमीटर है। जब ये पूरी तरह से बनकर तैयार हो जाएगा तो इसकी लंबाई 197 किलोमीटर हो जाएगी।

Shimla-Dharmashal fourlane के लिए 30 से लेकर 40 मीटर तक भूमि का  अधिग्रहण होगा।

नेशनल हाइवे अथॉरिटी के आदेशों के मुताबिक सड़क के दोनो ओर 30 से लेकर 40 मीटर तक अधिग्रहण होगा। इस निर्माण में आठ बाईपास और आठ सुरंगें बनना प्रस्तावित है। बता दें कि फोरलेन निर्माण के लिए सभी शहरों को जद से बाहर कर दिया गया है। इस कारण कम से कम भवन गिराए जाने का प्रावधान है।

जो आठ बायपास बनेंगे उसमें से घणाहट्टी के बाहर 1650 मीटर का बायपास बनेगा। इसी बायपास में दो टनल भी बनेंगी। वहीं, सबसे बड़ा बायपास दाड़लाघाट में 14 किमी लंबा होगा। ये बायपास शालाघाट से दानोघाट होकर पिपलूघाट को जोड़ते हुए ये बायपास सीधा भराड़ीघाट से निकलेगा। वहीं, हमीरपुर बायपास 10 किलोमीटर का होगा। वहीं, नादौन में गगाल को मझीण चौक से जोड़ने के लिए ढाई किलोमीटर लंबा बायपास बनेगा। इसी बायपास में टनल का निर्माण भी शामिल है।

बता दें कि इस फोरलेन निर्माण के लिए पांच हजार करोड़ की अनुमानित राशि को खर्च किया जाएगा। भू-अधिग्रहण और पेड़ कटान की लागत इस राशि से अलग है। ये फोरलेन शिमला से लेकर धर्मशाला के मटौर तक बनाया जाएगा।

Loading...
loading...

Leave a Reply