
Muzaffarnagar Crime News: मुजफ्फरनगर l भले ही यह कहा जाता है लड़की देवी का स्वरूप होती है लेकिन फिर भी लोगों को बेटों की चाह होती है. ऐसा ही मामला उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले से सामने आया है. बेटा होने की भविष्यवाणी गलत निकलने पर बाप और बेटे ने मिलकर 81 वर्षीय मंदिर के पुजारी की गोली मारकर हत्या कर दी. इसके बाद किसी और को फंसाने के लिए घटनास्थल पर उसकी तस्वीर छोड़ दी.
मंदिर में पुजारी की हत्या
पूरा मामला जिले के भौराकलां थाना क्षेत्र का है. वारदात 13 अक्टूबर को शिव मंदिर परिसर में हुई थी. मृतक पुजारी की पहचान स्वामी देवानंद भारती महाराज के रूप में हुई है. जो मध्य प्रदेश के ग्वालियर के रहने वाले थे. देवानंद महाराज करीब 25 साल से मंदिर में रहकर पूजा-अर्चना कर रहे थे.
पड़ोसी को फंसाने की साजिश
गाँव के ही हाशिम और उसके बेटे जीशान ने 3 अक्टूबर को शिव मंदिर परिसर में स्वामी देवानंद की गोली मारकर हत्या कर दी थी. वारदात के बाद आरोपियों ने अपने पड़ोसी को फंसाने के लिए उसकी एक तस्वीर घटनास्थल पर छोड़ा था. उन्होंने गांव के हरेंद्र नाम के व्यक्ति की तस्वीर छोड़ी थी. हरेंद्र से उनका विवाद था तो दोनों ने इसी बात का फायदा उठाकर उसे हत्या के मामले में फंसाने की योजना बनाई.
पुलिस ने ऐसे सुलझाई हत्या की गुत्थी
वारदात के बाद गाँव में हड़कंप मच गया. पुलिस केस दर्ज कर जांच में जुट गयी. पहले तो पुलिस का शक हरेंद्र पर गया लेकिन मामला कुछ और था. मामले के खुलासे के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में तीन पुलिस टीमों का गठन किया गया. पुलिस टीम जांच में जुट गयी. जिसके आधार पर हाशिम और उसके बेटे जीशान को गिरफ्तार किया.
बेटे की भविष्यवाणी पूरी न होने से नाराज थे
दोनों से पूछताछ करने पर उन्होंने अपना गुनाह कुबूल किया. पुलिस के मुताबिक, आरोपी हाशिम के बेटे जीशान की पत्नी जब गर्भवती थी तो पुजारी ने कहा था बेटा होगा. लेकिन पुजारी की भविष्यवाणी गलत निकली. करीब डेढ़ महीने पहले जीशान को बेटी हुई. जिसके बाद पुजारी और पिता-पुत्र के बीच विवाद हो गया. इसी को लेकर दोनों ने हत्या कर दी.



