Arbi Ke Kebab: व्रत के दौरान ज्यादातर लोग फलाहारी भोजन खाते हैं। अनाज न खाकर लोग फल, दूध, दही, कुट्टू के आटे से बने व्यंजन या आलू की सब्जी व आलू का हलवा, मखाने की खीर आदि बना कर खा सकते हैं। ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है।

उपवास में कई लोग तेल और नमक भी नहीं खाते हैं। जो लोग व्रत रखते हैं, वह आम तौर पर उपवास में घी में खाते हैं, लेकिन अगर आप वहीं आलू खा कर ऊब गए हैं तो इस बार में कुछ चटपटा और स्वादिष्ट बनाएं। अरबी कबाब का स्वाद न केवल चटपटा होता है बल्कि उपवास के दौरान यह काफी देर तक पेट को भरा हुआ भी रखता है। अनंत चतुर्दशी के व्रत में अरबी कबाब बनाएं। ये समाचार आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। तो चलिए जानते हैं स्वादिष्ट अरबी कबाब की रेसिपी।

अरबी कबाब बनाने की सामग्री

  • 500 ग्राम अरबी
  • एक चौथाई कप कुट्टू का आटा
  • दो चम्मच बारीक कटी अदरक
  • बारीक कटी हरी मिर्च
  • बारीक कटी हरी धनिया
  • व्रत वाला नमक और
  • कबाब सेंकने के लिए घी

अरबी कबाब बनाने की विधि

  • अरबी या घुइयां के कबाब बनाने के लिए सबसे पहले अरबी को अच्छे से धो लीजिए। इसके बाद कुकर में अरबी में पानी डालकर उबाल लीजिए। उसे इतना उबालिए कि वह नरम हो जाए।
  • फिर कुकर से अरबी को निकाल कर ठंडा कर लीजिए। अब अरबी को छील लीजिए। छिली हुई अरबी को मसल लीजिये या फिर कद्दूकस भी कर सकते हैं।
  • अब एक छोटे कटोरे में मैश किए हुए अरबी में कुट्टू का आटा मिला लीजिए। इसके साथ ही कटी हुई अदरक, कटी हुई मिर्च, धनिया और स्वाद के अनुसार नमक, यह सारी सामग्री मिला लीजिए।
  • इस मिश्रण को अच्छे से गूंथ लीजिए। फिर इस मिश्रण की छोटीछोटी लोई बना लीजिए। इन लोई को हल्के हाथ से दबाकर मन चाहा आकार दे सकते हैं। आप चाहें तो कबाब का आकार दे दीजिए या अंडाकार टिक्की बना लीजिए।
  • अब एक नॉन स्टिक तवे को गरम कीजिए। उसमें थोड़ा सा देसी घी डालिए। फिर मध्यम आंच में अरबी कबाब को रख कर अच्छे से तल लीजिए। कबाब को तब तक पकाइए जब तक वह हल्के सुनहरे रंग का ना हो जाए। आप इसे चटनी या दही के साथ खा सकते हैं।