सोमवार को शेयर में 600 से ज्यादा अंकों का इजाफा देखने को मिला. लगातार तीन दिनों की गिरावट के बाद ये तेजी देखने को मिली. सबसे बड़ा सवाल ये है कि आखिर इस तेजी का श्रेय किसे दिया जाए? क्या ईरान और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के उन बयानों को दिया जाए जिनमें शांति की महक मिल रही है या फिर उन तिमाही नतीजों के अच्छे प्रदर्शन को जो आज देखने को मिले. लेकिन कहानी कुछ और है. शांति होने के बयान और तिमाही नतीजे कुछ मायनों में थोड़े फैक्टर हो सकते हैं, लेकिन इस तेजी के असल में हीरों कोई और हैं. जिन्हें आज शेयर बाजार का ‘जयवीरू’ भी कहा जा सकता है.

वास्तव में देश की सबसे बड़ी फार्मा कंपनी सनफार्मा के शेयरों में आई 7 फीसदी से ज्यादा की तेजी को सबसे बड़ा और अहम कारण माना जा रहा है. वहीं दूसरी ओर देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में करीब 3 फीसदी की तेजी भी शेयर बाजार को तेज करने में प्रमुख कारण है. खास बात तो ये है कि दोनों कंपनियों की वैल्यूएशन में ज्वाइंटली 79 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा की बढ़ोतरी देखने को मिली है. वहीं देश की सबसे बड़ी कंपनी की वैल्यूएशन में तो करीब 52 हजार करोड़ रुपए का इजाफा देखने को मिला है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर शेयर बाजार में दोनों कंपनियों के आंकड़े किस तरह के देखने को मिले हैं.
रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में आई तेजी
देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में सोमवार को करीब 3 फीसदी की तेजी देखने को मिली है. बीएसई के आंकड़ों के अनुसार बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज पर कंपनी का शेयर सोमवार को 2.88 फीसदी की तेजी के साथ 1365.95 रुपए पर बंद हुआ. वैसे कंपनी का शेयर कारोबारी सत्र के दौरान 1,371 रुपए के साथ दिन के हाई पर चला गया. वैसे शुक्रवार को कंपनी का शेयर 1,327.65 रुपए पर बंद हुआ था और सोमवार को कंपनी का शेयर मामूली गिरावट के साथ 1,326.80 रुपए पर ओपन हुआ था और सेशन के दौरान कंपनी का शेयर 1,312 रुपए के साथ दिन के लोअर लेवल पर भी चला गया था. उसके बाद कंपनी के शेयरों में तेजी देखने को मिली.
वैल्यूएशन में करीहब 52 हजार करोड़ का इजाफा
देश की सबसे बड़ी कंपनी के शेयरों मेंं आई तेजी की वजह से कंपनी की वैल्यूएशन में करीब 52 हजार करोड़ रुपए का इजाफा देखने को मिला है. आंकड़ों को देखें तो पिछले हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन कंपनी की वैल्यूएशन 17,96,647.50 करोड़ रुपए देखने को मिली थी. जो कि सोमवार को शेयर बाजार बंद होने के बाद 18,48,477.13 करोड़ रुपए पर आ गया. इसका मतलब है कि कंपनी की वैल्यूएशन में 51,829.63 करोड़ रुपए का इजाफा देखने को मिला है. जानकारों की मानें तो आने वाले दिनों में कंपनी की वैल्यूएशन में और भी इजाफा देखने को मिल सकता है.
सनफार्मा के शेयर बने रॉकेट
सोमवार को सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज लिमिटेड के शेयरों में 7 प्रतिशत की तेजी आई. यह तेजी इस घोषणा के बाद आई कि कंपनी अमेरिका स्थित Organon & Co को पूरी तरह से कैश डील में 11.75 बिलियन अमेरिकी डॉलर के एंटरप्राइज वैल्यूएशन पर खरीदेगी. यह भारतीय कंपनियों द्वारा विदेशों में की गई सबसे बड़ी खरीद में से एक है. BSE पर शेयर 7.03 प्रतिशत चढ़कर 1,733.80 रुपए पर बंद हुआ. दिन के दौरान, यह 9 प्रतिशत उछलकर 1,766.65 रुपए तक पहुंच गया. NSE पर, शेयर 6.97 प्रतिशत बढ़कर 1,733.50 रुपए पर बंद हुआ. इस तेजी की वजह से कंपनी की वैल्यूएशन में भी काफी इजाफा देखने को मिला. आंकड़ों को देखें तो कंपनी का मार्केट वैल्यूएशन 27,306.64 करोड़ रुपए बढ़कर 4,15,986.90 करोड़ रुपए हो गया. यह शेयर Sensex और Nifty कंपनियों में सबसे ज़्यादा मुनाफ़ा कमाने वाला शेयर बनकर उभरा.
देश की सबसे बड़ी फार्मा डील
सन फार्मास्युटिकल इंडस्ट्रीज ने सोमवार को एक बयान में यह जानकारी दी कि सन फार्मा ने एक पक्का समझौता किया है, जिसके तहत वह Organon के सभी बकाया शेयर 14 डॉलर प्रति शेयर की कीमत पर खरीदेगी. यह पूरी तरह से कैश में होने वाला सौदा है, जिसकी एंटरप्राइज वैल्यूएशन 11.75 अरब डॉलर है. Organon एक ग्लोबल हेल्थकेयर कंपनी है, जिसे 2021 में Merck से अलग करके बनाया गया था. अमेरिका और कनाडा के बाहर Merck को MSD के नाम से जाना जाता है. सन फार्मा द्वारा Organon का अधिग्रहण भारतीय कंपनियों द्वारा किए गए सबसे बड़े विदेशी अधिग्रहणों में से एक होगा. इनमें 2007 में टाटा स्टील द्वारा Corus का 12 अरब डॉलर में अधिग्रहण और 2010 में भारती एयरटेल द्वारा कुवैत की Zain Telecom के अफ्रीकी कारोबार को खरीदने के लिए किया गया 10.7 अरब डॉलर का सौदा शामिल है.



