गर्मी के मौसम में लौकी और करेला दोनों ही हमारी थाली का अहम हिस्सा होते हैं। एक तरफ लौकी शरीर को ठंडा रखती है, तो दूसरी तरफ करेला ब्लड शुगर और इम्यूनिटी के लिए रामबाण माना जाता है। गर्मी में बात करें करेला के सेवन की तो इसे खाने से बॉडी को ठंडक मिलती है और पाचन में सुधार होता है। ये सब्जी बॉडी को डिटॉक्स करती है और इम्यूनिटी को मजबूत करती है। स्किन के लिए हेल्दी है ये सब्जी जो वजन भी घटाती है। गर्मी में बॉडी का डिहाइड्रेशन से बचाव करती है और बॉडी को हेल्दी रखती है। बात करें लौकी की तो ये शरीर को ठंडक पहुंचाती है और हाइड्रेशन बनाए रखती है। ये पाचन दुरुस्त करती है और वजन भी घटाती है। इसका सेवन करने से कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल रहता है और दिल की सेहत में सुधार होता है। पोटैशियम की मौजूदगी के कारण यह ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद करती है। लौकी शरीर से टॉक्सिन्स बाहर निकालने में मदद करती है और लिवर को हेल्दी रखती है।

होम्योपैथिक चिकित्सक एवं प्रशिक्षित कॉस्मेटोलॉजिस्ट, डॉ. कनिका सिंह ने बताया गर्मी में दोनों सब्जियां सुपरफूड मानी जाती है, लेकिन अगर इन दोनों सब्जियों का सेवन एक साथ किया जाए तो ये विरुद्ध आहार बन जाती है। इन दोनों को एक साथ खाने से ये पाचन को बिगाड़ सकती है। आइए डॉक्टर से समझते हैं कि इन दोनों के मिलन से होने वाली रासायनिक प्रतिक्रिया पेट में गैस, मरोड़ या विषाक्तता क्यों पैदा कर सकती है। इन्हें एक साथ खाने से बॉडी में कौनकौन से साइड इफेक्ट होते हैं।
पाचन पर पड़ता है असर
लौकी और करेला दोनों ही हल्की सब्जियां मानी जाती हैं, लेकिन इन्हें एक साथ खाने पर पाचन तंत्र पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। इससे शरीर को भोजन को ठीक से तोड़ने और अवशोषित करने में दिक्कत हो सकती है। खासकर जिन लोगों का डाइजेशन पहले से कमजोर है, उन्हें अपच, भारीपन या पेट दर्द जैसी समस्याएं महसूस हो सकती हैं। इसलिए इन दोनों सब्जियों को अलगअलग समय पर खाना पाचन के लिए ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।
गैस और ब्लोटिंग
लौकी और करेला दोनों में फाइबर की मात्रा अधिक होती है, जो सामान्य तौर पर पाचन के लिए अच्छा होता है। लेकिन जब इन्हें एक साथ खाया जाता है, तो अधिक फाइबर के कारण पेट में गैस बनने लगती है। इससे ब्लोटिंग यानी पेट फूलना, भारीपन और असहजता महसूस हो सकती है। खासकर संवेदनशील पाचन वाले लोगों में यह समस्या ज्यादा देखने को मिलती है। इसलिए इस कॉम्बिनेशन से बचना बेहतर रहता है।
स्लो डाइजेशन
इन दोनों सब्जियों का एक साथ सेवन पाचन प्रक्रिया को धीमा कर सकता है। शरीर को दोनों के पोषक तत्वों को एक साथ प्रोसेस करने में ज्यादा समय लगता है, जिससे खाना देर से पचता है। इसका असर यह होता है कि पेट लंबे समय तक भराभरा महसूस होता है और सुस्ती या असहजता बढ़ सकती है। जिन लोगों को पहले से डाइजेशन से जुड़ी समस्याएं हैं, उनके लिए यह स्थिति और ज्यादा परेशान करने वाली हो सकती है।
एलर्जी का खतरा
कुछ लोगों को कुछ खास फूड कॉम्बिनेशन से एलर्जी हो सकती है, और लौकी व करेला का साथ में सेवन भी ऐसी प्रतिक्रिया बढ़ा सकता है। इससे स्किन पर रैशेज, खुजली, पेट दर्द या अन्य एलर्जिक लक्षण दिख सकते हैं। जिन लोगों को पहले से किसी भी तरह की फूड एलर्जी है, उन्हें खासतौर पर इस तरह के कॉम्बिनेशन से बचना चाहिए। कोई भी नई डाइट अपनाने से पहले अपने शरीर की प्रतिक्रिया को समझना जरूरी होता है।
ब्लड प्रेशर लो होना
करेला ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद करता है और कई बार इसे कम भी कर सकता है। जब इसे लौकी के साथ खाया जाता है, तो इसका असर और ज्यादा बढ़ सकता है, जिससे ब्लड प्रेशर जरूरत से ज्यादा लो हो सकता है। लो BP के कारण चक्कर आना, कमजोरी या थकान महसूस हो सकती है। इसलिए जिन लोगों को लो BP की समस्या है, उन्हें इस कॉम्बिनेशन से खास सावधानी बरतनी चाहिए।
पोषक तत्वों का कम अवशोषण
लौकी और करेला दोनों ही पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं, लेकिन जब इन्हें एक साथ खाया जाता है, तो शरीर इन न्यूट्रिएंट्स को सही तरीके से अवशोषित नहीं कर पाता। इसका कारण यह है कि दोनों की संरचना और पाचन प्रक्रिया अलग होती है। ऐसे में शरीर को इन्हें प्रोसेस करने में कठिनाई होती है, जिससे पूरा पोषण नहीं मिल पाता। बेहतर परिणाम के लिए इन्हें अलगअलग समय पर खाना ज्यादा फायदेमंद रहता है।
शरीर के तापमान पर असर
लौकी और करेले दोनों की तासीर ठंडी होती है। जब इन्हें एक साथ खाया जाता है, तो शरीर का तापमान अचानक से ज्यादा ठंडा हो सकता है। इससे कुछ लोगों को कमजोरी, सुस्ती या पाचन में गड़बड़ी महसूस हो सकती है। खासकर गर्मियों में भी शरीर का संतुलन बनाए रखना जरूरी होता है, इसलिए बहुत ज्यादा ठंडी तासीर वाले फूड्स का कॉम्बिनेशन सावधानी से करना चाहिए।
प्रेगनेंसी में सावधानी
गर्भावस्था के दौरान खानपान को लेकर अतिरिक्त सावधानी जरूरी होती है। लौकी और करेला दोनों ही हेल्दी हैं, लेकिन इन्हें एक साथ खाने से कुछ महिलाओं को पाचन या अन्य समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए प्रेग्नेंट महिलाओं को इस तरह के कॉम्बिनेशन से बचना चाहिए या डॉक्टर की सलाह लेकर ही सेवन करना चाहिए। सही डाइट प्लान मां और बच्चे दोनों के स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी होता है।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी सामान्य जागरूकता के उद्देश्य से दी गई है। इसमें बताए गए प्रभाव व्यक्ति की शारीरिक स्थिति और पाचन क्षमता के अनुसार अलगअलग हो सकते हैं। किसी भी डाइट बदलाव, फूड कॉम्बिनेशन या स्वास्थ्य समस्या के लिए डॉक्टर या योग्य विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।



