Hema Malini Emotional Speech: हेमा मालिनी के लिए अपने जीवनसाथी धर्मेंद्र को खोना कोई आसान बात नहीं है. इतने लंबे समय तक साथ रहने के बाद जब कोई अचानक साथ छोड़ देता है, तो जिंदगी खालीसी लगने लगती है. इसी दर्द को उन्होंने हाल ही में एक इवेंट के दौरान खुलकर बयान किया. नई दिल्ली के नेशनल गैलरी ऑफ मॉडर्न आर्ट में आयोजित एक खास ट्रिब्यूट इवेंट में वे काफी इमोशनल नजर आईं. ये इवेंट धर्मेंद्र की याद में रखा गया था, जहां फिल्म इंडस्ट्री के कई लोग मौजूद थे. मंच पर खड़ी हेमा मालिनी के शब्दों में दर्द साफ झलक रहा था.

‘आगे की जिंदगी कैसे गुजारूं…’ धर्मेंद्र को याद कर मंच पर टूटीं हेमा मालिनी
‘आगे की जिंदगी कैसे गुजारूं…’ धर्मेंद्र को याद कर मंच पर टूटीं हेमा मालिनी

लेकिन उन्होंने खुद को संभालते हुए अपनी भावनाएं सबके सामने रखीं. उन्होंने कहा, ‘वो बहुत महान इंसान थे. मैं खुद को बहुत लकी मानती हूं कि मुझे उनके साथ जिंदगी बिताने का मौका मिला, लेकिन अब मैं उन्हें बहुत मिस करती हूं. वो अब मेरे साथ नहीं हैं, तो समझ नहीं आ रहा कि आगे की जिंदगी कैसे गुजारूंगी’. उनकी ये बात सुनकर वहां मौजूद लोग भी इमोशनल हो गए. उनके चेहरे पर उदासी साफ दिख रही थी. इतने सालों का साथ एक पल में यादों में बदल जाना आसान नहीं होता. यही वजह है कि उनके शब्द सीधे दिल तक पहुंचे और सभी इमोशनल हो गए.

धर्मेंद्र को याद कर हेमा हुईं इमोशनल
हिंदी सिनेमा की ‘ड्रीम गर्ल’ हेमा मालिनी ने धर्मेंद्र के फिल्मों के लिए प्यार को भी याद किया. उन्होंने बताया कि धर्मेंद्र फिल्मों को सिर्फ काम नहीं मानते थे, बल्कि उसे लोगों के दिल तक पहुंचने का जरिया समझते थे. उन्होंने कहा, ‘उन्हें फिल्मों में काम करना बहुत पसंद था. कैमरे के सामने रहना उनकी जिंदगी का हिस्सा था. मैं उनके साथ रहते हुए ये सब करीब से देखती थी. वो दिल से काम करते थे और इसी वजह से उन्होंने लाखों लोगों के दिलों में जगह बनाई’. उन्होंने ये भी कहा कि धर्मेंद्र सिर्फ एक अच्छे एक्टर ही नहीं थे, बल्कि एक अच्छे इंसान, दोस्त और पिता भी थे.

300 से ज्यादा फिल्मों में किया काम
हिंदी सिनेमा के ‘हीमैन’ धर्मेंद्र का फिल्मी करियर बहुत लंबा और शानदार रहा. करीब 65 साल के करियर में उन्होंने 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया. वो हिंदी सिनेमा के सबसे हिट कलाकारों में गिने जाते हैं. 7080 के दशक में उनकी एक अलग पहचान बनी, खासकर एक्शन फिल्मों में. उनकी पर्सनालिटी और स्टाइल ने उन्हें ‘हीमैन’ का खिताब दिलाया. फूल और पत्थर, मेरा गांव मेरा देश, शोले, जुगनू, यादों की बारात और प्रतिज्ञा जैसी फिल्मों ने उन्हें स्टार बना दिया. वहीं सत्यकाम फिल्म में उनके अभिनय को काफी सराहा गया, जिसे उनके बेहतरीन कामों में गिना जाता है.

पहली मुलाकात से शादी तक का सफर
हेमा मालिनी और धर्मेंद्र की लव स्टोरी काफी दिलचस्प रही है. दोनों की पहली मुलाकात साल 1968 में एक फिल्म प्रीमियर के दौरान हुई थी, जहां से उनकी जानपहचान शुरू हुई. इसके बाद साल 1970 में उन्होंने फिल्म ‘तुम हसीन मैं जवान’ में साथ काम किया और यहीं से उनकी जोड़ी लोगों को पसंद आने लगी. धीरेधीरे दोनों के बीच अच्छी दोस्ती हुई, जो समय के साथ प्यार में बदल गई. करीब 10 साल तक एकदूसरे को समझने के बाद साल 1980 में उन्होंने शादी कर ली. उस समय तक ये जोड़ी फिल्मों के साथसाथ असल जिंदगी में भी लोगों की फेवरेट बन चुकी थी.

सुपरहिट जोड़ी की खास कहानी
धर्मेंद्र और हेमा मालिनी ने साथ में कई हिट फिल्मों में काम किया और उनकी जोड़ी दर्शकों को बहुत पसंद आई. ‘सीता और गीता’ में हेमा मालिनी का डबल रोल लोगों को खूब भाया और इस फिल्म के लिए उन्हें बेस्ट एक्ट्रेस का अवॉर्ड भी मिला. वहीं ‘शोले’ में वीरू और बसंती की जोड़ी आज भी याद की जाती है. इन दोनों ने ‘ड्रीम गर्ल’, ‘राजा जानी’ और ‘दोस्त’ जैसी फिल्मों में भी साथ काम किया. उनकी सादगी और नेचुरल केमिस्ट्री ने लोगों का दिल जीत लिया. यही वजह है कि ये जोड़ी पर्दे के साथसाथ असल जिंदगी में भी उतनी ही मजबूत और खास मानी जाती है.