हिमाचली खबर: आज के समय में फिट रहने का सबसे आसान और बेहतरीन तरीका है पैदल चलना। पैदल चलकर आप खुद को फिट रख सकते हैं और साथ ही कई तरह की बीमारियों से भी बच सकते हैं। लेकिन अक्सर लोगों के मन में यह सवाल रहता है कि “आखिर एक दिन में कितना चलना पर्याप्त है?” क्या वाकई हर किसी को 10,000 कदम चलने की जरूरत है? लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है। हर व्यक्ति को उसकी उम्र के हिसाब से ही चलना चाहिए। यहां हम आपको बताने जा रहे हैं कि रोजाना कितना चलना चाहिए।

1. बच्चे और किशोर
इस उम्र में शरीर विकास कर रहा होता है और एनर्जी का लेवल काफी ज्यादा होता है। बच्चों के लिए केवल चलना ही काफी नहीं है, बल्कि उन्हें सक्रिय रहना जरूरी है। ऐसे में इस उम्र में बच्चे लगभग 12,000 से 15,000 कदम प्रतिदिन चल सकते हैं। इसके अलावा बच्चों को खेलकूद, साइकिलिंग या दौड़ने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए ताकि उनकी हड्डियां और मांसपेशियां मजबूत हों।
2. युवा वयस्क
यह जीवन का वह पड़ाव है जब हम सबसे ज्यादा व्यस्त होते हैं। डेस्क जॉब और खराब लाइफस्टाइल के कारण इस उम्र में वजन बढ़ने का खतरा रहता है। ऐसे में इस उम्र में 10,000 से 12,000 कदम प्रतिदिन चलना बेस्ट माना जाता है। इस उम्र में नियमित चलने से मेटाबॉलिज्म तेज रहता है और डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर का खतरा कम होता है।
3. मध्यम आयु वर्ग
40 की उम्र के बाद शरीर में हार्मोनल बदलाव होने लगते हैं और जोड़ो की समस्या शुरू हो सकती है। ऐसे में नियमित रूप से रोजाना वॉक करना बेहद जरूरी होता है। इस उम्र में 8,000 से 10,000 कदम प्रतिदिन चलना चाहिए। यदि आप एक साथ इतना नहीं चल सकते, तो इसे सुबह और शाम के दो हिस्सों में बांट लें। ब्रिक्स वॉकिंग इस उम्र के लिए बेहतरीन है।
4. बुजुर्ग
बुढ़ापे में चलने का उद्देश्य खुद को एक्टिव रखना और मांसपेशियों की जकड़न को रोकना होता है। इस उम्र में आप 5,000 से 7,000 कदम प्रतिदिन चलें। अगर घुटनों में दर्द या संतुलन की समस्या है, तो डॉक्टर की सलाह पर ही वॉक करें।



