हिमाचली खबर: अगर आप भी अचार खाने के शौकीन हैं तो आपको राजस्थानी लसूड़े या गूंदे का चटपटा अचार का स्वाद कभी न कभी जरूर चखा होगा। यह फल गर्मियों में आता है। इसे ग्लू बेरी , इंडियन बेरी भी कहते हैं। इससे गर्मियों में अचार, चटनी और सब्ज़ी बनाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इससे अचार, चटनी, सब्जी बनाई जाती है। भारत में यह फल मुख्य रूप से राजस्थान में मिलता है। पोषण मूल्यों की बात करें तो लसोड़े फल में एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन, कैल्शियम, फॉस्फोरस, आयरन, जिंक जैसे मिनरल्स भरपूर मौजूद होते हैं। इसे लसोड़ा भी कहा जाता है।

लसूड़े, गूंदे या लसोड़ा का अचार डालने का तरीका
क्या है लसूड़ा या गूंदा?
लसूड़ा, जिसे कई जगहों पर गूंदा, गोंदा या निसोरा भी कहा जाता है, एक छोटा गोल फल होता है। कच्ची अवस्था में इसका रंग हरा होता है और पकने पर यह हल्का पीला या भूरा हो सकता है। इसकी सबसे खास पहचान इसका चिपचिपा गूदा है।
यह फल मुख्य रूप से राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में पाया जाता है। गर्मियों के मौसम में इसकी अच्छी पैदावार होती है और इसी समय इसका अचार बनाने की तैयारी शुरू हो जाती है।
लसूड़े से क्याक्या बनाया जाता है?
लसूड़े का इस्तेमाल सिर्फ अचार तक सीमित नहीं है। कई जगहों पर इससे की चीजें तैयार हो सकती है।
मसालेदार सब्जी
सूखा अचार
भरवां अचार
चटनी
पारंपरिक राजस्थानी करी
इन चीजों की पड़ेगी जरूरत
2 चम्मच सौंफ
2 चम्मच पीसकर
1 चम्मच जीरा
1/2 छोटी चम्मच हींग
स्वाद अनुसार नमक
1 कटोरी सरसों का तेल
1 चम्मच पीली सरसों
1 चम्मच मिर्ची पाउडर
1/2 छोटी चम्मच हल्दी पाउडर
सबसे पहले लसोड़े को धोकर सूखा लें। अब उसे गुच्छे से अलग कर लें और खोलें और गुठली अलग कर दें। फिर कड़ाही में सरसों का तेल गर्म कर लें। फिर उसमें जीरा भून लें। फिर लसोड़े को धोकर डाल दें। अब इसमें सौंफ को कूटकर डालें। फिर सरसों के दाने डालें। अब हींग डालें। फिर नमक हल्दी डालें। इसे 5 मिनट तक पकने दें। जब लसोड़ा गल जाए तो गैस बंद कर दें। फिर मिर्ची डाल दें। थोड़ी देर चलाकर ढककर रख दें। कुछ दिनों में यह खाने के लिए तैयार हो जाएगा।
अगर आपको हल्का खट्टा स्वाद पसंद है, तो मसालों के साथ थोड़ा अमचूर पाउडर भी मिला सकते हैं। वहीं तीखा स्वाद पसंद करने वाले लोग साबुत लाल मिर्च या मोटी कुटी हुई लाल मिर्च का इस्तेमाल कर सकते हैं।


