हिमाचली खबर: Khatu Shyam Photo Vastu Tips: ‘हारे के सहारे, बाबा श्याम हमारे’… खाटू श्याम जी के भक्तों के लिए यह केवल जयकारा नहीं बल्कि उनका अटूट विश्वास है। धार्मिक मान्यता है कि जो भी व्यक्ति खाटू श्याम बाबा की शरण में जाता है वह कभी भी खाली हाथ नहीं लौटता है। उसकी सारी अधूरी इच्छाएं शीघ्र ही पूरी हो जाती है। आज हर दिन हजारों की संख्या में भक्तगण खाटू श्याम जी के दरबार पर हाजिरी लगाने जाते हैं। वहीं जिनका वहां जाना संभव नहीं है वो अपने घर पर ही बाबा श्याम की पूजाअर्चना करते हैं। लेकिन यहां एक बात का ध्यान रखें कि खाटू श्याम जी की तस्वीर सही दिशा में लगाएं वरना आपको इसका पूरा फल नहीं मिलेगा। आइए जानते हैं कि घर में बाबा श्याम की तस्वीर किस दिशा में लगानी चाहिए और पूजा के दौरान किन बातों का ध्यान रखना चाहिए।

खाटू श्याम जी की तस्वीर घर में लगाने से पहले नोट कर लें सही दिशा और नियम, तभी बरसेगी 'हारे के सहारे' की कृपा​
खाटू श्याम जी की तस्वीर घर में लगाने से पहले नोट कर लें सही दिशा और नियम, तभी बरसेगी 'हारे के सहारे' की कृपा​

घर में खाटू श्याम जी की फोटो लगाने की सही दिशा 

वास्तु शास्त्र के अनुसार, खाटू श्याम की तस्वीर लगाने के लिए घर का ईशान कोण सबसे अधिक शुभ और फलदायी होता है। यह दिशा देवीदेवताओं का स्थान माना जाता है। इसके अलावा उत्तर या पूर्व दिशा की दिशा की दीवार पर भी श्याम बाबा की तस्वीर लगा सकते हैं।  खाटू श्यामजी की तस्वीर मंदिर या पूजा घर में लगाएं बस दिशा का ध्यान रखें।

इन जगहों पर खाटू श्याम की तस्वीर कभी न लगाएं

खाटू श्याम जी की तस्वीर शयनकक्ष, रसोईघर के पास नहीं लगाना चाहिए। इसके अलावा सीढ़ियों के नीचे भी नहीं लगाना चाहिए। खाटू श्याम भगवान की तस्वीर या मूर्ति को कभी जमीन पर भी न रखें। बेसमेंट या बाथरूम से सटी हुई दीवार पर भूलकर भी बाबा श्याम की फोटो न लगाएं। खाटू श्याम जी की ऐसी तस्वीर घर में लाएं जिसमें वे मुस्कुराते हुए सौम्य रूप में हों।

पूजा के दौरान इन बातों का रखें ध्यान

  • बाबा श्याम की तस्वीर के आसपास कभी भी गंदगी या कबाड़ जमा न होने दें।
  • रोजाना सुबहशाम मंदिर की सफाई करें।
  • खाटू श्याम जी को रोजाना फूल, चंदन, धूप, दीप और प्रसाद अर्पित करें।
  • घर में स्थापित बाबा श्याम की मूर्ति या तस्वीर के सामने रोजाना सुबह और शाम को घी का दीपक जलाएं। 
  • पूजा के समय ॐ श्री श्याम देवाय नमः मंत्र का जाप करें
  • यदि संभव हो तो बाबा को पंचामृत, पेड़ा या चूरमे का भोग लगाएं।