गज़ब घटना: मिट्टी में गाड़ दिए थे 3 करोड़ के गहने, दिल्ली पुलिस ने बिहार-झारखंड तक CCTV खंगाले; 3 पकड़े

दिल्ली के तिमारपुर (मॉल रोड) स्थित एक अपार्टमेंट से तीन करोड़ की नकदी और सोने-हीरे के जेवर चोरी का मामला पुलिस ने सुलझा लिया है। चोरी का मास्टरमाइंड अपार्टमेंट का नौकर ही निकला। उसने नेपाल में आराम की जिंदगी गुजारने के लिए अपने ससुर और एक नाबालिग के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया था।

मामले की जांच तिमारपुर थाना पुलिस और उत्तरी जिले की ऑपरेशन सेल संयुक्त रूप से कर रही थी। पुलिस बिहार और झारखंड में करीब 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरे खंगालने के बाद आरोपियों तक पहुंची। आरोपियों ने पुलिस से बचने के लिए गहनों को बिहार के एक गांव में पांच फीट गहरे गड्ढे में गाड़ दिया था। वहीं, नकदी को भूसे के ढेर में छिपाया था।

चोरी का मास्टरमाइंड नौकर बिहार के सुपौल का रहने वाला अनिल कामत था। उसने अपने ससुर देव चंद्र साह और झारखंड के गिरिडीह निवासी एक नाबालिग के साथ मिलकर चोरी की थी। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि चोरी की रकम से वे नेपाल में एक आलीशान ‘कैफे-रेस्टोरेंट’ खोलना चाहते थे।

डीसीपी निहारिका भट्ट ने बताया कि तिमारपुर मॉल रोड निवासी अंशुल गुप्ता ने 6 सितंबर को चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनके बड़े भाई अनुज गुप्ता अपने परिवार के साथ 2 सितंबर को विदेश दौरे पर गए थे। 6 सितंबर को जब घर लौटे तो देखा कि पहली मंजिल के ताले टूटे थे। कीमती सामान और नकदी गायब थी। शिकायतकर्ता ने बताया कि पिछले ही महीने उन्होंने अनिल और एक नाबालिग सहित दो घरेलू नौकर रखे थे, जो वारदात के बाद से मोबाइल बंद कर गायब थे।

जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज जांची तो दोनों नौकर पीठ पर बैग लादे भागते नजर आए। इंटेलिजेंस के आधार पर गिरिडीह से 10 नाबालिग आरोपी को पकड़ा। जांच में मुख्य आरोपी अनिल का आपराधिक इतिहास मिला। वह पहले भी शालीमार बाग में 1.25 करोड़ की चोरी की वारदात को अंजाम दे चुका है।

भूसे के बीच बाेरियों में छिपाकर रखी थी नकदी
पुलिस ने देव चंद्र साह से पूछताछ की, तो वह पुलिस को गुमराह करने लगा। शक के आधार पर पुलिस ने उससे सख्ती से पूछताछ की, तो उसने एक कमरे में रखे भूसे के बीच बोरियों में छिपाकर रखी गई नगदी के बारे में बताया। पुलिस ने वहां से 4.34 लाख रुपये बरामद किए। फिर देव चंद्र साह ने बताया कि सोने-हीरे के गहनों से भरा बैग दूसरे कमरे में फर्श के नीचे गड्ढे में छिपाया है। फर्श के नीचे गड्ढे में छिपाए गए गहने भी बरामद किए। पुलिस ने इस मामले को सतर्कता के साथ सुलझाया।

आईफोन-बुलेट की चाह में चोर बना डिलीवरी ब्वॉय
उधर, मैदानगढ़ी थाना पुलिस ने डिलीवरी ब्वॉय दीपक और उसके दोस्त गुंजन को गिरफ्तार कर चोरी का पूरा माल बरामद करने का दावा किया है। पुलिस उपायुक्त अनंत मित्तल ने बताया कि 31 अगस्त को मैदानगढ़ी निवासी सुषमा के घर चोरी हुई थी। मुखबिरों की मदद से पुलिस दीपक तक पहुंची। 20 साल के दीपक ने चोरी के बाद आईफोन-15 खरीदा, नए कपड़ों पर खर्च किया और करीब तीन लाख रुपये की बुलेट खरीदने की तैयारी में था। पुलिस ने 13 सितंबर की रात उसे दबोचा। पूछताछ में सामने आया कि वह छत के रास्ते घर में दाखिल हुआ था। पर्स से नगदी और अलमारी ने जेवर और नगदी चोरी की।