Aviation stocks: सरकार एयरपोर्ट और एविएशन सेक्टर में बड़े रिफॉर्म की तैयारी में है. इस सेक्टर के लिए सरकार द्वारा बनाई गई एक खास कमेटी ने नियमों को काफी आसान बनाने की सिफारिश की है. अगर इन सुझावों पर मुहर लग जाती है, तो कंपनियों को काम करने में काफी आसानी होगी. मनी कंट्रोल की खबर के मुताबिक, इस रिफॉर्म का असर शेयर बाजार में लिस्टेड एविएशन और एयरपोर्ट से जुड़ी कंपनियों पर भी पड़ेगा.

हर सुविधा के अलग चार्ज का झंझट होगा खत्म
अभी तक नियम काफी पेचीदा हैं. एयरपोर्ट पर मिलने वाली हर छोटीबड़ी सर्विस के लिए अलगअलग चार्ज तय किया जाता है. एविएशन रेगुलेटर फिलहाल पार्किंग चार्ज, लैंडिंग फीस और यूजर डेवलपमेंट फीस जैसी हर चीज का अलग से रेट फिक्स करता है. राजीव गौबा की अगुवाई वाली हाई लेवल कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में इस तरीके को बदलने को कहा है. खबरों की मानें तो कमेटी ने सुझाव दिया है कि हर आइटम का अलग रेट तय करने के बजाय, इन सभी को सिर्फ 3 मुख्य कैटेगरी में बांट दिया जाए. इससे एयरपोर्ट चलाने वाली कंपनियों को काफी राहत मिलेगी और वे आसानी से अपना टैरिफ तय कर सकेंगी.
एयरपोर्ट के पास बिल्डिंग बनाने के लिए नहीं काटने होंगे चक्कर
नियमों में होने वाला यह बदलाव सिर्फ पैसों और फीस तक सीमित नहीं है. कामकाज की रफ्तार बढ़ाने के लिए कमेटी ने कुछ और बड़े सुझाव दिए हैं. उदाहरण के लिए, एयरपोर्ट के अंदर कमर्शियल फ्लोर प्लान पास कराने के लिए अब सेल्फसर्टिफिकेशन की सुविधा मिल सकती है. इतना ही नहीं, एयरपोर्ट के आसपास अगर कोई नई बिल्डिंग बननी है, तो उसे ऑटोमेटिक तरीके से मंजूरी देने की बात भी कही गई है. इससे कंपनियों को मंजूरी के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे और इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास तेजी से हो सकेगा.
एक एयरलाइन ले सकेगी दूसरी की मदद
ऑपरेशंस को सुचारू बनाने के लिए यह भी सुझाव दिया गया है कि एक एयरलाइन कंपनी को जरूरत पड़ने पर दूसरी एयरलाइन की ‘ग्राउंड हैंडलिंग सर्विस’ इस्तेमाल करने की छूट मिलनी चाहिए. इससे काम में देरी नहीं होगी और यात्रियों को भी बेहतर सुविधा मिलेगी. इसके अलावा, नई तकनीक और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कहा गया है कि 30 किलो तक के कम जोखिम वाले ड्रोन उड़ाने के लिए भी सेल्फ सर्टिफिकेशन का नियम लागू होना चाहिए.
शेयर बाजार में इन कंपनियों पर दिखेगा असर
जब भी सरकार किसी सेक्टर में नियम आसान करती है, तो उसका सीधा असर शेयर बाजार की कंपनियों पर दिखता है. बाजार के जानकारों का कहना है कि सरकार के इस बड़े कदम से जीएमआर एयरपोर्ट्स, इंडिगो और अदाणी एंटरप्राइजेज जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों में अच्छी हलचल देखने को मिल सकती है.
अगर हम आज के कारोबार पर नजर डालें, तो जीएमआर एयरपोर्ट्स का शेयर हल्का सा टूटकर 107 रुपये के आसपास नजर आया. दिन के कारोबार में यह शेयर 108.45 रुपये तक ऊपर गया और 106.36 रुपये तक नीचे भी आया. वहीं, अदाणी एंटरप्राइजेज के शेयरों में तेजी देखने को मिली. यह शेयर करीब 16.10 रुपये की बढ़त के साथ 3020 रुपये के आसपास कारोबार करता दिखा. ये समाचार आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। आज इस शेयर ने 3,040.50 रुपये का हाई और 2,972.70 रुपये का लो बनाया.



