Tilak Varma: भारत और आयरलैंड के बीच हाल ही में 2 मैचों की टी20 सीरीज खेली गई, इस टी20 सीरीज के पहले मैच में टीम इंडिया को 34 रनों से हार का सामना करना पड़ा, वहीं दूसरे मैच में टीम इंडिया को 1 रन से हार मिली. भारतीय टीम दूसरे मैच को जीतने के बेहद करीब थी, आयरलैंड की टीम ने सिर्फ 155 रनों का लक्ष्य दिया था.

हालांकि जब भारतीय टीम ने जल्दी विकेट गंवाए तो दूसरे छोर से तिलक वर्मा ने धीमी बल्लेबाजी की और अंत में भारतीय टीम का आवश्यक रनरेट काफी बढ़ गया, अंत में हर्षित राणा ने सिर्फ 10 गेंदों में 21 तो प्रिंस यादव ने 1 गेंद पर 6 रन बनाया, लेकिन इसके बावजूद भारत को 1 रन से शिकस्त मिली.

भारत की हार में Tilak Varma की धीमी पारी रही वजह

भारतीय टीम की हार की सबसे बड़ी वजह तिलक वर्मा की धीमी बल्लेबाजी रही. तिलक वर्मा ने काफी धीमी गति से अर्द्धशतक जड़ा. तिलक वर्मा ने दूसरे मैच में 46 गेंदों में 55 रनों की धीमी पारी खेली थी. उन्होंने 3 चौके के अलावा 1 छक्का अपने नाम किया था. उन्होंने 119.56 के स्ट्राइक रेट के साथ बल्लेबाजी की थी.

भारतीय टीम के पूर्व कप्तान श्रीकांत ने तिलक वर्मा की बल्लेबाजी पर नाराजगी जताई. उनका मानना है कि तिलक केवल अपने लिए बल्लेबाजी कर रहे थे. उन्होंने भारत की हार का पूरा ठीकरा तिलक वर्मा की धीमी बल्लेबाजी पर फोड़ा है.

तिलक वर्मा को लेकर श्रीकांत ने कही ये बात

श्रीकांत ने इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज से पहले भारत के मिडिल ऑर्डर पर सवाल उठाया है, उन्होंने कहा कि

“आप मध्य क्रम में भारत की तरह नहीं खेल सकते, खासकर तिलक वर्मा, दुबे और अक्षर पटेल. उनका स्ट्राइक रेट बहुत खराब था. आपको थोड़ा संभलकर खेलना होगा और फिर मध्य क्रम में आक्रामक होना होगा. नहीं तो, अगर आप मध्य क्रम में असफल रहे तो आप हार जाएंगे. भारत मध्य क्रम में ही मैच हार गया.”

श्रीकांत ने इसके साथ ही तिलक वर्मा की आलोचना की है और उन्हें भारत की हार का जिम्मेदार माना है. श्रीकांत ने कहा कि

“तिलक वर्मा सिर्फ अपने लिए खेल रहे थे और एकदो रन ले रहे थे. अक्षर पटेल का भी यही हाल था. तिलक वर्मा ने मैच को अंत तक ले जाकर हीरो बनने की कोशिश की. उन्होंने अंत में जीत हासिल करने और अपनी जर्सी उठाकर जश्न मनाने के बारे में सोचा. इन लक्ष्यों का पीछा एक ओवर शेष रहते करना चाहिए, न कि मैच को अंत तक ले जाना चाहिए.”