
इजरायल और अमेरिका ने मिलकर ईरान पर हमला किया है। तेहरान में एक साथ 30 जगहों पर बैलिस्टिक मिसाइलों ने जमकर कहर बरपाया है। हालात को देखते हुए ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को सुरक्षित ठिकाने पर भेज दिया गया है। इजरायल के हमले में ईरान के बड़े कमांडर मारे गए हैं।
खुद पर हुए हमले से ईरान खिसिया गया है और पलटवार के मूड में आ गया है। उसने कहा है कि वह भी अब तक का सबसे घातक अटैक करेगा। ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे हैं। यानी ईरान द्वारा इजरायल पर हमला किया जा सकता है। इसी खतरे को ध्यान में रखते हुए भारत ने इजरायल में रह रहे भारतीयों के लिए एडवाइजरी जारी की है।
भारत ने इजरायल में रह रहे भारतीयों को कहा है, “अत्यंत सावधानी बरतें, सतर्क रहें।”
भारत ने कहा, “क्षेत्र में मौजूदा सुरक्षा स्थिति को देखते हुए, इज़रायल में रहने वाले सभी भारतीय नागरिकों को अत्यधिक सावधानी बरतने और हर समय सतर्क रहने की सलाह दी जाती है। भारतीय नागरिकों को इज़राइली अधिकारियों और गृह मोर्चा कमान द्वारा जारी सुरक्षा दिशानिर्देशों और निर्देशों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी जाती है।”
ईरान पर हमले के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि या तो खामेनेई हथियार डालें या मौत का सामना करें। बता दें कि अमेरिका और इजरायल, ईरान में सत्ता परिवर्तन करना चाहते हैं। इसी वजह से अमेरिका और इजरायल ने यह हमला किया है।
ईरान पर हमले के बाद ट्रंप ने ये भी कहा है कि हमें खतरे को खत्म करना है। ऑपरेशन शुरू हो गया गया है और अभी ये जारी रहेगा। मामले की गंभीरता का अंदाजा केवल इस बात से लगा सकते हैं कि इजरायल और अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकानों को निशाना बनाया गया है। इससे ईरान को बहुत बड़ा नुकसान पहुंचने का दावा किया गया है।
इजरायल ने ईरान पर हमले को ‘शील्ड ऑफ जुदाह’ नाम दिया है। इजरायल और अमेरिका अभी आगे भी हमले जारी रख सकते हैं। पूरी दुनिया की निगाह इस घटनाक्रम पर लगने लगी हैं।