हिमाचली खबर: काफी लोग ऐसे हैं जो अपने घर की छत और बालकनी पर पौधे लगाते हैं। छोटी से गार्डन में रंगबिरंगे फूल, सब्जियां, फल और हरेभरे पौधे शोभा बढ़ाते हैं। अगर इन पौधों का सही से देखभाल न किया जाए तो ये पौधे जल्दी मुरझाने लगते हैं और गमले की मिट्टी भी सूखने लगती हैं। खासकर गर्मी के मौसम में यह समस्या अधिक होती है। ऐसे में अगर सावधानी न बरती जाए तो आपके गार्डन के पौधे जल्दी खराब हो सकते हैं।

गर्मी के मौसम में अगर गमले की मिट्टी जल्दी सूख रही है और पौधे मुरझाने लगे हैं तो कुछ आसान तरीकों की मदद से आप इन्हें बचा सकते हैं। आइए जानते हैं कुछ गार्डनिंग टिप्स जिसकी मदद से आप अपने पौधों की सही तरीके से देख रेख कर सकते हैं।
पानी देने का समय
गर्मी के मौसम में सबसे जरूरी है पानी देने का सही तरीका का पता होना। कई बार गलत तरह से पौधों में दिया गया पानी इन्हें खराब कर सकता है। इस मौसम में सुबह जल्दी या शाम को पौधों में पानी देना उचित माना जाता है। दोपहर में पानी देने से उसका बड़ा हिस्सा वाष्प बनकर उड़ जाता है, जिसके चलते जड़ों तक पर्याप्त नमी नहीं पहुंच पाती। ऐसे में सही समय पर सिंचाई से पौधे लंबे समय तक हरेभरे और स्वस्थ बने रहते हैं।
मल्चिंग क्यों है जरूरी
गर्मी के मौसम में मल्चिंग भी बेहद जरूरी मानी जाती है, यह मिट्टी को सूखने और पौधों को मुरझाने से बचाने में मदद कर सकती है। गमले या क्यारी की मिट्टी के ऊपर सूखी पत्तियां, नारियल की भूसी, घास या लकड़ी के बुरादे की परत बिछा देने से मिट्टी जल्दी नहीं सूखती और लंबे समय तक उसमें नमी बनी रहती है। इससे पौधों अच्छी तरह ग्रोथ करते हैं।
धूप से बचाना जरूरी
दोपहर की तेज धूप के चलते भी कई बार पौधे की पत्तियां जल जाती हैं, ऐसे में इन्हें धूप से बचाना बेहद जरूरी होता है। इसके लिए पौधों को शेड नेट, जाली या किसी छायादार स्थान पर रखना चाहिए। आप चाहे तो ऊपर से चादर को चार कोनों में बांधकर शेड बना सकते हैं। इससे पत्तियों के जलने और झुलसने का खतरा काफी कम हो जाता है।
मिट्टी में उर्वरता जरूरी
गर्मियों के मौसम में मिट्टी जब सूखती है तो धीरेधीरे कर उसकी उर्वरता कम हो जाती है और पानी भी जल्दी निकल जाता है। ऐसे में कम्पोस्ट, वर्मी कम्पोस्ट या गोबर की सड़ी खाद मिलानी चाहिए। ऑर्गेनिक पदार्थ मिट्टी को लंबे समय तक नम बनाए रखते हैं, जिसके चलते पौधों को जरूरी पोषक तत्व मिलता रहता है।
पौधों को रखने का सही जगह
इसके साथ ही पौधों को ऐसी जगह रखें जहां पर सुबह और शाम की धूप लगे। दोपहर में तेज धूप होती है, जिसकी चलते मिट्टी जल्दी सूखती है और पत्तियां भी मुरझाने लगती हैं। ऐसे में इन तरीकों को अपनाकर आप अपनी छोटी सी गार्डेन के पौधों को स्वस्थ और सुरक्षित रख सकते हैं।
इसके साथ ही पौधों के नियमित रूप से देखरेख करना जरूरी होता है। अगर कोई पत्ता पीला पड़ गया या खराब हो गया है तो उसे पौधे से अलग कर देना चाहिए। कई बार खराब पत्तियों के चलते भी पौधे की अच्छी ग्रोथ नहीं हो पाती है।




