हिमाचली खबर: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार रात अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की। इस दौरान पुलिस भर्ती परीक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर बात हुई। प्रदेश के सभी डीएम, कमिश्नर, आईजी, डीआईजी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीएम योगी से जुड़े। रात नौ बजे शुरू हुई इस वर्चुअल मीटिंग के दौरान सीएम योगी ने अधिकारियों से कहा कि पुलिस भर्ती परीक्षा के दौरान कोई गड़बड़ी नहीं होनी चाहिए। इसके लिए 6 जून को ही रिहर्सल कर लें।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा को लेकर उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि परीक्षा से जुड़ी किसी भी प्रकार की अफवाह, गलत सूचना या अफवाह फैलाने वाले तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जाए। परीक्षा की पूरी पारदर्शिता और शुचिता बनाए रखी जाए।
8,9,10 जून को होगी परीक्षा
उत्तर प्रदेश में 8, 9 और 10 जून को सिपाही भर्ती परीक्षा होनी है। सिपाही भर्ती के लिए लगभग 28 लाख अभ्यर्थी पंजीकृत हैं। सीएम ने साफ किया कि दौरान किसी भी तरह की अफवाह फैलने या उम्मीदवारों में घबराहट पैदा करने की कोशिश पर तुरंत कार्रवाई हो। अफवाह फैलाने वालों को चिह्नित कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह तकनीकी निगरानी और पारदर्शी तरीके से चलाई जाए। उम्मीदवारों के हितों की रक्षा करते हुए परीक्षा को सुव्यवस्थित और निष्पक्ष बनाया जाए।
यूपी में बड़े पैमाने पर पुलिस भर्ती
इस साल उत्तर प्रदेश पुलिस में 81,000 से 1 लाख तक पदों पर भर्ती का बड़ा अभियान चल रहा है। परीक्षा 810 जून को होनी है, इसलिए सीएम ने पहले से ही सुरक्षा, निगरानी और अफवाह नियंत्रण पर जोर दिया है। योगी सरकार पहले भी पेपर लीक जैसी घटनाओं में जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाती रही है। 2024 में एक परीक्षा रद्द कर दोबारा कराई गई थी। यह निर्देश युवाओं के भरोसे को बनाए रखने और भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष व पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से दिए गए हैं।



