Shahjahanpur News: उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में चर्चित गौतम मौर्य हत्याकांड के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले का संज्ञान लेते हुए पीड़ित परिवार को राहत प्रदान करने के निर्देश दिए हैं. मुख्यमंत्री के निर्देश पर मंगलवार को ददरौल विधायक अरविंद सिंह और एडीएम वित्त एवं राजस्व अरविंद कुमार ग्राम कमलनैयनपुर पहुंचे, जहां उन्होंने मुख्यमंत्री राहत कोष से पीड़ित परिवार को 5 लाख रुपए की आर्थिक सहायता का चेक सौंपा. सरकार ने केवल आर्थिक सहायता ही नहीं दी, बल्कि परिवार के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए कई अन्य महत्वपूर्ण फैसले भी लिए हैं.

आवास, नौकरी और बेटी की पढ़ाई की जिम्मेदारी
प्रदेश सरकार की ओर से पीड़ित परिवार को नगर पंचायत कांट में 200 गज भूमि पर सरकारी आवास उपलब्ध कराया जाएगा. इसके अलावा परिवार को अंत्योदय राशन कार्ड, आयुष्मान कार्ड और परिवार के एक सदस्य को नगर पंचायत कांट में संविदा पर नौकरी देने की घोषणा की गई है. सरकार ने परिवार की 14 वर्षीय बेटी की पढ़ाई और भविष्य में विवाह की जिम्मेदारी भी शासन स्तर पर उठाने का आश्वासन दिया है. इन फैसलों का उद्देश्य परिवार को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना है.
विधायक ने दिलाया भरोसा
ददरौल से बीजेपी विधायक अरविंद सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है. उन्होंने कहा कि परिवार खुद को अकेला न समझे. दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. उन्होंने यह भी बताया कि घटना के बाद उन्होंने पीड़ित परिवार की मुलाकात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से कराई थी, जिसके बाद शासन स्तर पर राहत और पुनर्वास से जुड़े फैसले लिए गए.
इंस्टाग्राम विवाद के बाद हुई थी हत्या
गौरतलब है कि 31 जुलाई की देर शाम कांट थाना क्षेत्र के दिलावरपुर नहर के पास कमलनैयनपुर निवासी गौतम मौर्य की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी गई थी. गौतम साइकिल पंचर की दुकान पर काम कर अपने परिवार का पालनपोषण करता था. ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। पुलिस जांच के अनुसार, हत्या की वजह सोशल मीडिया पर हुआ विवाद बताया जा रहा है.
आरोप है कि गौतम ने मुख्य आरोपी की चचेरी बहन के साथ अपनी तस्वीर इंस्टाग्राम स्टोरी पर लगाई थी, जिससे विवाद शुरू हुआ. बाद में आरोपी ने समझौते का भरोसा देकर गौतम को बुलाया और अपने पिता व भाइयों के साथ मिलकर उस पर कई बार चाकू से हमला कर उसकी हत्या कर दी.
8 घंटे तक जाम रहा स्टेट हाईवे
हत्या के अगले दिन ग्रामीणों और परिजनों ने फर्रुखाबादशाहजहांपुर स्टेट हाईवे, जो कांवड़ मार्ग भी है, पर जाम लगा दिया. ये समाचार आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। सुबह से शुरू हुआ प्रदर्शन करीब आठ घंटे तक चला. प्रदर्शन के दौरान एडीएम प्रशासन रजनीश मिश्रा, एसपी सिटी देवेंद्र कुमार और विधायक अरविंद सिंह ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत की. देर शाम पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित के आश्वासन के बाद परिजन और ग्रामीण शांत हुए और जाम समाप्त किया गया.
बुलडोजर कार्रवाई की तैयारी
प्रदर्शन के दौरान पीड़ित परिवार ने आरोपियों के मकान पर बुलडोजर चलाने की मांग उठाई। इस पर प्रशासन ने कार्रवाई शुरू करते हुए एसडीएम सदर के नेतृत्व में टीम गठित की और आरोपियों के घर को सील कर दिया. इसके बाद नगर पंचायत कांट की ओर से मकान गिराने का नोटिस भी चस्पा कर दिया गया. वहीं बिजली विभाग ने आरोपियों के घर पर लगभग 8 लाख रुपए का बकाया बिजली बिल भी चिन्हित किया है, जिसकी वसूली की प्रक्रिया जारी है.
एनकाउंटर को लेकर भी उठे सवाल
पुलिस के अनुसार, हत्या के मामले में चार आरोपियों को हिरासत में लिया गया है, जबकि मुख्य आरोपी समीर को पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार किया गया. हालांकि, ग्रामीणों का दावा है कि समीर को घटना के तुरंत बाद उन्होंने ही पकड़कर पुलिस के हवाले किया था. इसी वजह से हाफ एनकाउंटर को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं.
ग्रामीणों की प्रमुख मांगें
प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों और परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की. उनकी प्रमुख मांगों में सभी आरोपियों पर सख्त कानूनी कार्रवाई, आरोपियों के मकान पर बुलडोजर चलाना, पीड़ित परिवार के भरणपोषण की व्यवस्था और गौतम मौर्य की बहनों के विवाह के लिए आर्थिक सहायता शामिल रही.



