एशियाई खेलों और राष्ट्रमंडल खेलों की स्वर्ण पदक विजेता विनेश फोगाट फिर सुर्खियों में है। इस बार अपनी वापसी से पहले नए विवाद को लेकर। करीब 20 महीने बाद मैट पर लौटने की तैयारी कर रहीं विनेश ने आरोप लगाया है कि उन्हें नेशनल ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट में हिस्सा लेने से ‘जानबूझकर रोका जा रहा’ है। उन्हें टूर्नामेंट के लिए रजिस्ट्रेशन में जानबूझकर दिक्कतें दी जा रही हैं।

वहीं, भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष संजय सिंह ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे ‘बेवजह हंगामा’ बताया है। संजय सिंह का कहना है कि विनेश फोगाट का रजिस्ट्रेशन हो चुका है और किसी भी पहलवान को रोका नहीं जा रहा। ऐसे में वापसी से पहले ही यह मामला आरोपप्रत्यारोप में बदल गया है, जिसने भारतीय कुश्ती में फिर हलचल तेज कर दी है।
विनेश फोगाट ने द इंडियन एक्सप्रेस को बताया, ‘‘मुझे उम्मीद है कि मैं नेशनल ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट में वापसी करूंगी। इसके लिए रजिस्ट्रेशन 30 अप्रैल तक खुला है, लेकिन जब मैंने पंजीकरण करने की कोशिश की तो पोर्टल पर दिखा कि अब यह बंद हो चुका है। मैं फेडरेशन के प्रशासनिक कर्मचारियों से संपर्क करने की कोशिश कर रही हूं, लेकिन उन्होंने मेरे कॉल्स का कोई जवाब नहीं दिया है।’’
विनेश ने आरोप लगाया कि उन्हें फेडरेशन कप के दौरान भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। विनेश फोगाट ने कहा, ‘‘मेरा इरादा वहां भी हिस्सा लेने का था, लेकिन टीम चयन के नियम अंतिम समय पर बदल दिए गए, इसलिए मैं हिस्सा नहीं ले पाई। ऐसा लगता है कि यह मुझे मुकाबले में हिस्सा लेने से रोकने की जानबूझकर की कोशिश की गई। खासकर इसलिए क्योंकि एशियाई खेलों और विश्व चैंपियनशिप के चयन ट्रायल की दौड़ में बने रहने के लिए यह एक अहम टूर्नामेंट है।’’
डब्य्लूएफआई के अध्यक्ष संजय सिंह ने कहा कि किसी को भी रोकने की कोई कोशिश नहीं की गई। उन्होंने कहा, ‘‘हमें दूसरे पहलवानों से भी इसी तरह की शिकायतें मिली थीं। उन्होंने हमारे स्टाफ से संपर्क किया और उनकी समस्याएं हल हो गईं। हम किसी को भी मुकाबले में हिस्सा लेने से नहीं रोकेंगे। यह टूर्नामेंट सभी के लिए खुला है।’’
संजय सिंह ने कहा कि यह टूर्नामेंट 2025 की नेशनल चैंपियनशिप और 2026 के फेडरेशन कप में हिस्सा नहीं ले पाने वाले पहलवानों को एशियाई खेलों के चयन ट्रायल के योग्य होने का आखिरी मौका देता है। WFI की एशियन गेम्स चयन नीति में कहा गया था कि सीनियर वर्ग में, इन दोनों मुकाबलों में पदक जीतने वालों को ट्रायल्स में हिस्सा लेने की मंजूरी दी जाएगी। हालांकि, ओपन रैंकिंग टूर्नामेंट में पदक जीतने वालों को राष्ट्रीय शिविर के लिए चुना जाएगा। इस तरह उनके चयन ट्रायल के लिए योग्य होने की संभावना है।
संजय सिंह ने समाचार एजेंसी आईएएनएस को बताया, ‘‘विनेश फोगाट का रजिस्ट्रेशन पहले ही पूरा हो चुका है। वह बेवजह हंगामा क्यों कर रही हैं? हमने किसी भी पहलवान को हिस्सा लेने से नहीं रोका है। उन सभी का तहे दिल से स्वागत है। मीडिया से बात करने के बजाय, उन्हें कुश्ती पर ध्यान देना चाहिए। अब तक 800 पहलवानों ने रजिस्ट्रेशन कराया है और किसी ने भी किसी तरह की दिक्कत की शिकायत नहीं की है।’’



