Ankit Ahirwar Murder: झांसी जिले के बबीना थाना क्षेत्र स्थित ग्राम खजराहा बुजुर्ग में रिश्तों को तारतार कर देने वाली वारदात सामने आई है. जिस चचेरे भाई के साथ 15 वर्षीय अंकित अहिरवार रोज मजदूरी करने जाता था, उसी ने मात्र 400 रुपये के विवाद में पत्थर से सिर कुचलकर उसकी हत्या कर दी और साक्ष्य मिटाने के लिए शव को कुएं में फेंक दिया.

अंकित अहिरवार 18 जुलाई की शाम अचानक घर से गायब हो गया था. परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज की. अगले दिन गांव के ही एक कुएं से अंकित का शव बरामद हुआ. ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर पर भारी पत्थर से ताबड़तोड़ वार किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके बाद अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया.
कॉल डिटेल और मजदूरी के पैसों से खुला राज
पुलिस की स्वाट और बबीना थाना टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई. मृतक के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगालने पर पता चला कि घटना के दिन उसकी अपने चचेरे भाई आशिक अहिरवार से कई बार बात हुई थी. ये समाचार आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। दोनों बदौरा गांव में एक साथ मजदूरी करते थे. पुलिस ने जब आशिक को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने पूरा सच उगल दिया.
400 रुपये का विवाद और खूनी वारदात की पूरी कहानी
पूछताछ में आरोपी आशिक ने बताया कि मजदूरी के कुल 1,200 रुपये अंकित को मिले थे, जिसमें से 400 आशिक के थे. लेकिन अंकित पैसे मिलने की बात से साफ मुकर रहा था. घटना के दिन कुएं के पास दोनों में कहासुनी हुई. गुस्से में आकर आशिक ने पास पड़ा भारी पत्थर उठाकर अंकित के सिर पर कई वार कर दिए, जिससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़ा. अंकित की मौत के बाद आरोपी ने पहचान और सबूत छिपाने की नीयत से शव को कुएं में फेंक दिया और फरार हो गया.
आरोपी जेल भेजा गया, गांव में पसरा सन्नाटा
पुलिस ने आरोपी आशिक अहिरवार की निशानदेही पर आलाकत्ल बरामद कर लिया है. आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है. जिस रिश्ते पर परिवार सबसे ज्यादा भरोसा करता था, उसी चचेरे भाई के कातिल निकलने से पूरे गांव में मातम और सन्नाटा पसरा हुआ है.



