सुपौल : जिले में बाबाजी अखाड़ा पर आयोजित भंडारा कार्यक्रम के दौरान बच्चों के बीच हो रहे विवाद को शांत कराने पहुंचे एक अधेड़ व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई. मृतक मधेपुरा जिले के मठाही गांव निवासी 55 वर्षीय सुरेंद्र यादव उर्फ सुलेन यादव थे. प्राप्त जानकारी के अनुसार सुरेंद्र यादव अपने मित्र किशनपुर थाना क्षेत्र के बैजनाथपुर निवासी नुनु लाल यादव के घर मेहमान बनकर आए थे.
गांव में बगल स्थित बाबाजी अखाड़ा पर भंडारे का आयोजन चल रहा था. वे अपने मित्र के साथ वहां प्रसाद ग्रहण करने पहुंचे. इसी दौरान कुछ बच्चों के बीच कहासुनी और मारपीट शुरू हो गई. वे विवाद सुलझाने पहुंच गए, बच्चों को डांट-फटकार हटा दिया. लेकिन तभी वहां मौजूद कुछ स्थानीय युवकों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी.
इसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए. घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई. उनकी स्थिति बिगड़ने पर उन्हें आनन-फानन में किशनपुर अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया. घटना की सूचना मिलते ही किशनपुर थानाध्यक्ष दलबल के साथ पहुंचे. पुलिस उपाधीक्षक सुपौल भी घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली.
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. थानाध्यक्ष ने बताया कि बच्चों के विवाद को छुड़ाने के दौरान सुरेंद्र यादव की पिटाई की गई, जिससे उनकी मृत्यु हो गई. इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है. ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे हैं। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है, जबकि मुख्य आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है.
घटना के बाद से आरोपित पक्ष के कई लोग फरार बताए जा रहे हैं. घटना की खबर मिलते ही मधेपुरा के मठाही गांव के सरपंच बलराम यादव, पंचायत समिति सदस्य के पति अशोक यादव तथा स्थानीय मुखिया नवीन यादव ने शोक व्यक्त करते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की.
मृतक की पत्नी सीता देवी ने बताया कि उनके पति अपने मित्र के यहां मेहमान बनकर आए थे और निर्दोष होने के बावजूद उन्हें पीट-पीटकर मार दिया गया. मृतक के पुत्र मिट्ठू यादव ने भी दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की है. पुलिस मामले की गहन छानबीन में जुटी है.