Mumbai Crime News: महाराष्ट्र में नवी मुंबई के अंतर्गत ऐरोली इलाके से रिश्तों के कत्ल की खौफनाक वारदात सामने आई है. यहां एक महिला ने अपने रिक्शा चालक प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही 50 वर्षीय पति बलिराम सूर्यनाथ कुशवाहा की खौफनाक तरीके से हत्या कर दी. आरोपियों ने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए शव के तीन टुकड़े किए और उन्हें अलगअलग ठिकानों पर ठिकाने लगा दिया. लगभग 11 महीने बाद पुलिस ने इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए आरोपी पत्नी और उसके प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है.

जानकारी के मुताबिक, मृतक बलिराम कुशवाहा ऐरोली के यादव नगर इलाके में अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ रहकर परिवार का भरणपोषण कर रहे थे. इसी बीच उनकी 40 वर्षीय पत्नी सुनीता कुशवाहा का घंसोली के रहने वाले एक रिक्शा चालक राहुल दशरथ प्रजापति के साथ प्रेमप्रसंग शुरू हो गया. बलिराम को अपनी पत्नी के इस अनैतिक संबंध की जानकारी हो गई थी और वे इसका लगातार कड़ा विरोध करते थे. घर में आए दिन होने वाले विवाद से तंग आकर और अपने प्यार के बीच से कांटा हटाने के लिए सुनीता और उसके प्रेमी राहुल ने बलिराम की हत्या की एक खौफनाक साजिश रच डाली.
गला घोंटकर किया कत्ल, लाश के किए तीन टुकड़े
साजिश के मुताबिक, सुनीता और राहुल ने मिलकर बलिराम को मौत के घाट उतार दिया. हत्या करने के बाद दोनों आरोपियों के सिर पर खून इस कदर सवार था कि उन्होंने शव को ठिकाने लगाने के लिए उसके तीन टुकड़े काट दिए. इन टुकड़ों को शहर के अलगअलग सुनसान इलाकों में ले जाकर फेंक दिया गया ताकि शव की पहचान न हो सके और वे कानून की नजरों से बचे रहें. इस वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पत्नी घर पर सामान्य रूप से रहने लगी. ये खबर आप हिमाचली खबर में पढ़ रहे है। उसने किसी को भनक तक नहीं लगने दी कि उसका पति अब इस दुनिया में नहीं है.
गांव से लौटे भाई को हुआ शक, फिर खुला भेद
कातिल चाहे कितना भी शातिर क्यों न हो, वह कोई न कोई सुराग जरूर छोड़ जाता है. बलिराम अचानक लापता हो गए थे. करीब आठ महीने बाद जब बलिराम का सगा भाई अपने गांव से वापस ऐरोली लौटा और भाई को घर पर नहीं पाया, तो उसे अनहोनी की गहरी आशंका हुई. उसने बिना देर किए स्थानीय पुलिस स्टेशन में भाई की गुमशुदगी और संदेह को लेकर शिकायत दर्ज कराई.
मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने गुप्त रूप से तफ्तीश शुरू की. पुलिस ने संदेह के आधार पर सुनीता और उसके प्रेमी राहुल प्रजापति को हिरासत में लिया. दोनों को अलगअलग कमरों में बैठाकर जब पूछताछ की गई, तो उनके बयानों में भारी विसंगतियां पाई गईं. पुलिस की सख्त पूछताछ के आगे दोनों ज्यादा देर टिक नहीं सके और उन्होंने 11 महीने पहले किए गए इस भयावह हत्याकांड को कबूल कर लिया.
परिजनों ने की कड़ी सजा की मांग, पुलिस जुटा रही साक्ष्य
नवी मुंबई पुलिस ने दोनों मुख्य आरोपियों सुनीता कुशवाहा और राहुल प्रजापति को हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं के तहत आधिकारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया है. इस सनसनीखेज खुलासे के बाद से ही यादव नगर और घंसोली इलाके के लोग पूरी तरह स्तब्ध हैं. मृतक बलिराम के परिजनों का रोरोकर बुरा हाल है और उन्होंने न्यायालय से दोनों दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की गुहार लगाई है. पुलिस अब फॉरेंसिक टीम की मदद से शव के टुकड़ों की बरामदगी और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्यों को मजबूत करने में जुटी है.



