राजस्थान के जयपुर ग्रामीण के बस्सी क्षेत्र में चोरों के निशाने पर किसान हैं. फालियावास और गुड़ावास गांवों में खेतों से सिंचाई के उपकरण चोरी होने की लगातार घटनाएं सामने आ रही हैं. किसानों का दावा है कि अब तक करीब सिंचाई 150 फव्वारे, बिजली के उपकरण और लगभग 200 फीट विद्युत केबल चोरी हो चुकी है. बीती रात भी 38 से अधिक फव्वारे चोरी होने का आरोप है. लगातार हो रही वारदातों से किसानों में नाराजगी है. उन्होंने पुलिस से आरोपियों को पकड़ने और चोरी हुए सामान की बरामदगी की मांग की है.

किसानों के मुताबिक, फालियावास और गुड़ावास गांवों में पिछले कुछ दिनों से खेतों में चोरी की घटनाएं हो रही हैं. उनका आरोप है कि अब तक सात से आठ बार चोर खेतों को निशाना बना चुके हैं. चोर सिंचाई के लिए इस्तेमाल होने वाले फव्वारे, बिजली के उपकरण और विद्युत केबल लेकर फरार हो रहे हैं.

लगातार हो रही इन घटनाओं के कारण किसानों को अपने खेतों में रखे सामान की सुरक्षा की चिंता सता रही है. किसानों का कहना है कि खेतों में सिंचाई के लिए जरूरी उपकरण चोरी होने से खेती का काम प्रभावित हो सकता है.

अब तक 150 फव्वारे और 200 फीट केबल चोरी

किसानों के दावे के अनुसार, चोरी की घटनाओं में अब तक करीब 150 सिंचाई फव्वारे गायब हो चुके हैं. इसके अलावा दो डीपीओ और लगभग 200 फीट विद्युत केबल चोरी होने की बात भी सामने आई है. बीती रात हुई वारदात में 38 से अधिक फव्वारे चोरी होने का आरोप है.

किसानों का कहना है कि सिंचाई के उपकरण जुटाने में उनकी मेहनत और पैसा लगता है. ऐसे में बारबार चोरी होने से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है. चोरी हुए सामान की कीमत और नुकसान का कुल आंकड़ा फिलहाल सामने नहीं आया है.

सिंचाई व्यवस्था प्रभावित होने की चिंता

खेतों से सिंचाई के उपकरण चोरी होने का असर खेतीकिसानी पर भी पड़ सकता है. फव्वारे और बिजली के उपकरण सिंचाई व्यवस्था के लिए जरूरी हैं. इनके गायब होने से किसानों को दोबारा सामान खरीदना पड़ सकता है. इससे खेती की लागत बढ़ने की आशंका है.

किसानों में इस बात को लेकर भी नाराजगी है कि लगातार घटनाओं के बावजूद चोरी पर रोक नहीं लग पा रही है. उन्हें डर है कि अगर वारदातें इसी तरह जारी रहीं, तो आगे भी खेतों से उपकरण चोरी हो सकते हैं.

कानोता थाना पुलिस से कार्रवाई की मांग

लगातार हो रही चोरी की घटनाओं के बाद किसानों ने कानोता थाना पुलिस से कार्रवाई की मांग की है. उन्होंने पुलिस से क्षेत्र में रात के समय गश्त बढ़ाने, चोरी की वारदातों में शामिल आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने और चोरी हुए सामान को बरामद करने की अपील की है.

फिलहाल, किसानों की ओर से सामने आए इन आरोपों के बीच चोरी की घटनाओं पर रोक लगाना पुलिस के सामने चुनौती है. किसानों को उम्मीद है कि पुलिस की कार्रवाई से आरोपियों का पता चलेगा और उन्हें राहत मिलेगी.]

जयपुर से महेश की रिपोर्ट