जम्मूकश्मीर के किश्तवाड़ से बीजेपी विधायक शगुन परिहार को पार्टी ने बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है. उन्हें भारतीय जनता युवा मोर्चा यानी BJYM का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है. इस नियुक्ति के साथ शगुन परिहार को राष्ट्रीय स्तर पर काम करने का मौका मिला है. शगुन की राजनीतिक कहानी इसलिए भी चर्चा में रहती है, क्योंकि साल 2018 में आतंकवादियों ने उनके पिता अजीत परिहार और चाचा अनिल परिहार की हत्या कर दी थी.

परिवार पर आई इस त्रासदी के बाद शगुन ने पढ़ाई जारी रखी और राजनीति में कदम रखा. 2024 के जम्मूकश्मीर विधानसभा चुनाव में उन्होंने पहली बार चुनाव लड़ा और नेशनल कॉन्फ्रेंस के वरिष्ठ नेता सज्जाद अहमद किचलू को महज 521 वोटों से हराकर जीत दर्ज की. आखिर कौन हैं शगुन परिहार और कैसे तय किया उन्होंने राजनीति का सफर, आइए जानते हैं.

आतंकवाद में पिता और चाचा की हुई थी हत्या

शगुन परिहार जम्मूकश्मीर के किश्तवाड़ से आती हैं. उनके परिवार को आतंकवाद का सामना करना पड़ा. साल 2018 में आतंकवादियों ने उनके पिता अजीत परिहार और चाचा अनिल परिहार की हत्या कर दी थी. इस घटना ने परिवार को गहरा सदमा दिया. उनके पिता और चाचा की हत्या के बाद शगुन के परिवार की जिंदगी में बड़ा बदलाव आया. इस घटना के बाद शगुन ने अपनी पढ़ाई जारी रखी. आगे चलकर उन्होंने राजनीति में कदम रखा और बीजेपी से जुड़ीं.

पढ़ाई में भी मजबूत रहीं शगुन

शगुन परिहार ने इलेक्ट्रिकल पावर सिस्टम्स में एमटेक किया है और शोध से भी जुड़ी रही हैं. पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने राजनीति में सक्रिय भूमिका निभानी शुरू की. बीजेपी में सक्रिय होने के बाद शगुन ने किश्तवाड़ में अपनी राजनीतिक पहचान बनाई. जम्मूकश्मीर की राजनीति में किश्तवाड़ चिनाब घाटी का अहम इलाका है. यहां स्थानीय मुद्दों के साथ सुरक्षा, विकास और क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व जैसे विषय भी राजनीति में महत्वपूर्ण रहते हैं.

2024 में पहली बार चुनाव लड़ा, 521 वोटों से जीतीं

शगुन परिहार ने 2024 के जम्मूकश्मीर विधानसभा चुनाव में बीजेपी के टिकट पर किश्तवाड़ सीट से चुनाव लड़ा. उनके सामने नेशनल कॉन्फ्रेंस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री सज्जाद अहमद किचलू थे. चुनाव में दोनों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला. शगुन परिहार को 29,053 वोट मिले, जबकि सज्जाद अहमद किचलू को 28,532 वोट हासिल हुए. इस तरह शगुन ने महज 521 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की. पहली बार विधानसभा चुनाव लड़कर जीत हासिल करने के बाद वह जम्मूकश्मीर की राजनीति में चर्चा में आईं.

अब BJP युवा मोर्चा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष

बीजेपी ने अब शगुन परिहार को भारतीय जनता युवा मोर्चा की राष्ट्रीय टीम में जगह दी है. उन्हें राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है. युवा मोर्चा बीजेपी का युवा संगठन है, जिसके जरिए युवाओं को पार्टी से जोड़ने, संगठन को मजबूत करने और युवाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने के लिए काम किया जाता है.