Andhra Pradesh Crime News: हाथ में स्मार्टफोन और रातोरात करोड़पति बनने के लालच ने एक और हंसतेखेलते युवा की जान ले ली. आंध्र प्रदेश के नंदीयाल जिले से एक बेहद दर्दनाक और आंखें खोल देने वाली घटना सामने आई है. यहां ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी और फर्जी लोन ऐप्स के शिकंजे में फंसकर 23 वर्षीय युवक ने सब्जी काटने वाले चाकू से अपना गला रेतकर आत्महत्या कर ली. इस दिल दहला देने वाली वारदात ने एक गरीब दिहाड़ी मजदूर परिवार के चिराग को बुझा दिया है और पूरे इलाके को गहरे शोक में डुबो दिया है.

घटना नंदीयाल जिले के बानागनपल्ले मंडल स्थित नंदीवर्गम गांव की है. गांव के निवासी तिरुपालु और अन्नपूर्णा बेहद गरीब परिवार से हैं, जो रोज मजदूरी करके अपना और अपने बच्चों का पेट पालते हैं. उनके दो बेटे और एक बेटी हैं. उनका बड़ा बेटा मनोहर 10वीं कक्षा तक पढ़ालिखा था और अपने मातापिता का आर्थिक हाथ बंटाने के लिए गांव की ही एक स्थानीय किराना दुकान पर क्लर्क का काम करता था.
सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन कुछ दोस्तों के संपर्क में आकर मनोहर को ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी का चस्का लग गया. शुरुआत में महज टाइमपास और मनोरंजन के लिए शुरू हुआ यह खेल धीरेधीरे उसकी खौफनाक लत बन गया.
6 लाख रुपये सट्टे में हारे, लोन ऐप के जाल में फंसा
सट्टेबाजी में जब मनोहर को लगातार आर्थिक नुकसान होने लगा, तो गवांए हुए पैसों की भरपाई करने के लिए वह और गहरे दलदल में उतरता चला गया. नुकसान की भरपाई के लिए उसने विभिन्न फर्जी ऑनलाइन लोन ऐप्स के जरिए तुरंत कर्ज लेना शुरू कर दिया. देखते ही देखते मनोहर पर करीब 6 लाख रुपये का भारीभरकम कर्ज चढ़ गया, और उसने यह पूरी रकम सट्टेबाजी के खेल में गंवा दी.
रिकवरी एजेंटों की प्रताड़ना और खौफनाक कदम
न्यूनतम दैनिक वेतन पर काम करने वाले मनोहर के पास इतना बड़ा कर्ज चुकाने का कोई रास्ता नहीं बचा था. इसी बीच लोन ऐप के रिकवरी एजेंटों और संचालकों ने उस पर कर्ज चुकाने के लिए दबाव बनाना शुरू कर दिया. एजेंटों द्वारा फोन पर दी जाने वाली मानसिक प्रताड़ना, धमकियों और बदनामी के डर से मनोहर गंभीर डिप्रेशन में चला गया. जीवन से निराश होकर जब घर पर कोई नहीं था, तब उसने रसोई से सब्जी काटने वाला चाकू उठाया और अपना गला काट लिया.
अस्पताल में तोड़ा दम, पुलिस ने दर्ज किया केस
मनोहर को खून से लथपथ देखकर परिजन और स्थानीय ग्रामीण चीखपुकार मचाते हुए उसे तुरंत कुरनूल के सरकारी अस्पताल ले गए. वहां आपातकालीन वार्ड में इलाज के दौरान उसकी हालत बिगड़ती गई और आखिरकार उसने अंतिम सांस ली. अपनी आंखों के सामने जवान बेटे को दम तोड़ते देख मातापिता का रोरोकर बुरा हाल है. घटना के बाद नंदीवर्गम थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है. पुलिस उन संबंधित लोन ऐप कंपनियों और उनके रिकवरी एजेंटों के खिलाफ जांच कर रही है.
पुलिस की युवाओं और अभिभावकों को सख्त चेतावनी
इस दुखद घटना के बाद नंदीयाल पुलिस ने युवाओं और उनके मातापिता के लिए विशेष एडवायजरी जारी की है. रातोंरात अमीर बनाने का दावा करने वाले ऑनलाइन गेमिंग और क्रिकेट सट्टेबाजी ऐप्स पूरी तरह से वित्तीय धोखाधड़ी का जाल हैं. प्लेस्टोर या सोशल मीडिया पर दिखने वाले फर्जी इंस्टेंट लोन ऐप्स से कभी भी कर्ज न लें. मातापिता अपने बच्चों की स्मार्टफोन गतिविधियों, अचानक बदले व्यवहार और वित्तीय लेनदेन पर सतर्कता से नजर रखें.



