Rajasthan Cyber Crime: राजस्थान में 12 करोड़ रुपये के साइबर ठगी का खुलासा हुआ है. ऑनलाइन गोल्ड ट्रेडिंग के नाम पर यहां जयपुर के एक शख्स से ठगी की गई. राजस्थान पुलिस के सेंट्रल साइबर थाने की पुलिस ने इस ठगी का खुलासा किया है. साथ ही ठगी के इस मामले में असम के रहने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जिसका नाम बेशराज थापा उर्फ राहुल है.

आरोपी को आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम से गिरफ्तार किया गया है. पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने बताया है कि वो नॉर्थ ईस्ट में रहने वाले लोगों के बैंक खाते साइबर ठगों को किराए पर उपलब्ध कराता था. आरोपी ने तीन साल में एक हजार से ज्यादा लोगों के बैंक खातों को किराए पर ठगों को उपलब्ध कराया. आरोपी को याद नहीं है कि वो किन किन लोगों के खाते ठगों को उपलब्ध करा चुका है.

9.42 करोड़ का फर्जी मुनाफ दिखाया

ठगों ने फर्जी वेबसाइट के जरिये पीड़ित को वर्चुअल वॉलेट में 9.42 करोड़ का फर्जी मुनाफ दिखाया और पीड़ित शख्स की कमाई के 12.9 करोड़ लूट लिए. जानकारी के अनुूसार, ठगों में पिछले साल 25 सितंबर को पीड़ित शख्स के वाट्सएप पर अनजान नंबर से एक लिंक भेजा था. इसके जरियेो ऑनलाइन गोल्ड ट्रेडिंग और भारी मुलाफे के लालच दिया गया था. इसके बाद पीड़ित ने अकाउंट बनाया और निवेश शुरू किया.

टैक्स और प्रोसेसिंग फीस के नाम पर 6 करोड़ जमा कराए

पिछले साल सात अक्तूबर से लेकर चार नवंबर तक अलगअलग अकाउंट में पीड़ित ने 6 करोड़ रुपये जमा करवाए. ठगों ने वेबसाइट के वॉलेट में 9.42 करोड़ का लाभ दिखाया और पीड़ित का यकीन जीता. सात नवंबर 2025 को पीड़ित ने पांच करोड़ रुपये निकालने की कोशिश की. फिर ठगों ने टैक्स और प्रोसेसिंग फीस के नाम पर 26 नवंबर तक पीड़ित से 6 करोड़ जमा करा लिए.

आरोपी बेशराज को दिया जाता था कमीशन

ठगों ने पीड़ित से कुल 12 करोड़ 9 लाख 65 हजार 512 रुपये ठग लिए. इसके बाद ठगो ने न तो मूल रकम वापस दी और ना ही पैसे निकालने की इजाजत. आरोपी बेशराज थापा ठगों को जो खाते उपलब्ध कराता था, उनकी निगरानी भी करता था. इस काम के उसको 50 हजार कमीशन के तौर पर दिए जाते थे. ठगी के इस मामले में बेशराज ने पीड़िते 33 लाख रुपये एक ही खाते में ट्रांसफर किए थे.

जनवरी 2026 में पकड़े जा चुके गुवाहटी में बैठे हर्षा और इस्लाम ने बेशराज के बारे में पुलिस को जानकारी दी थी. इसके बाद बेशराज फोन तोड़कर विशाखापट्टनम भाग गया था. अब उसके अरेस्ट किया गया है. मामले में आगे की जांच जारी है.