हिमाचली खबर: Shani Ki Mahadasha: शनि की महादशा 19 सालों तक चलती है। जब भी शनि की महादशा का समय शुरू होता है तो कई तरह के बदलाव जीवन में देखने को मिल सकते हैं। ज्यादातर शनि महादशा के दौरान व्यक्ति को चुनौतियों का सामना जीवन में करना पड़ सकता है। शनि की महादशा के दौरान संघर्षों के बाद ही सफलता मिलने के योग बनते हैं। हालांकि कुछ ऐसा कार्य भी हैं जिनको शनि महादशा के दौरान करने से जीवन में आ रही नकारात्मकता दूर हो सकती है। इन उपायों को करने से शनि देव रंक को भी राजा बना सकता है। आइए विस्तार से जानते हैं इन कार्यों के बारे में। 

Shani Ki Mahadasha: शनि की महादशा में 4 काम करने से मिलते हैं शुभ परिणाम, न्याय के देवता रंक को बना देते हैं राजा​
Shani Ki Mahadasha: शनि की महादशा में 4 काम करने से मिलते हैं शुभ परिणाम, न्याय के देवता रंक को बना देते हैं राजा​

हनुमान जी की आराधना

शनि देव की क्रूर दृष्टि उन लोगों पर कभी नहीं पड़ती जो हनुमान जी की आराधना करते हैं। शनि की महादशा के दौरान अगर आप नियमित रूप से हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं तो हनुमान जी के साथ ही शनि देव का आशीर्वाद भी आपको प्राप्त होता है। अगर प्रतिदिन हनुमान चालीसा का पाठ ना भी कर पाएं तो हफ्ते में दो दिन मंगलवार और शनिवार को आप पाठ कर सकते हैं। 

सात्विक भोजन

शनि देव उन लोगों पर कृपा बरसाते हैं जो सात्विक जीवन जीते हैं। शनि की महादशा के दौरान अगर व्यक्ति मांसमदिरा का सेवन न करे और सात्विकता को अपनाए तो न्याय के देवता की कृपा आपको अवश्य प्राप्त होती है। सात्विक जीवन जीते हुए योगध्यान और धार्मिक क्रियाकलाप करने से भी शनि देव का आशीर्वाद आपको प्राप्त होता है। 

जरूरतमंद लोगों की सहायता

अगर आप शनि की महादशा के दौरान जरूरतमंदों की सहायता करते हैं तो शनि देव अति प्रसन्न होते हैं। शनि की महादशा के दौरान किया गया दान आपको कई गुना अधिक शुभ फल प्रदान कर सकता है। जरूरतमंदों की सहायता के साथ ही जानवरों को भोजन करवाना भी आपके लिए सुखद साबित हो सकता है। 

ईमानदारी 

जो लोग किसी को धोखा देते हैं रिश्वत लेते हैं यानि ईमानदारी से जीवन नहीं जीते उन पर शनि की क्रूर दृष्टि अवश्य पड़ती है। वहीं जो लोग ईमानदारी से कार्य करते हैं और कर्म को ही पूजा समझते हैं उनपर शनि देवी की कृपा बरसती है। शनि की महादशा के दौरान ईमानदारी से किया गया कार्य आपको रंक से राजा बना सकता है।