भारतीय मानक ब्यूरो , गाज़ियाबाद शाखा कार्यालय ने भारतीय मानक ब्यूरो अधिनियम, 2016 के उल्लंघन संबंधी मिली सूचना के आधार पर दो हेलमेट निर्माण इकाइयों पर छापेमारी. इस दौरान ISI मार्का करीब 1,100 हेलमेट जब्त किए गए. तलाशी और जब्ती की यह कार्रवाई BIS अधिनियम, 2016 की धारा 28 के तहत की गई.

प्रथम प्रवर्तन टीम का नेतृत्व पवन कुमार ओरा, वैज्ञानिकसी एवं उप निदेशक तथा शैलेंद्र कुमार वर्मा, वैज्ञानिकसी एवं उप निदेशक द्वारा किया गया. भारतीय मानक ब्यूरो, गाज़ियाबाद शाखा कार्यालय के अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ टीम ने दुहाई औद्योगिक क्षेत्र, दिल्लीमेरठ रोड, गाज़ियाबाद स्थित एक हेलमेट निर्माण इकाई पर छापेमारी की.
गाजियाबाद में कहां हुई छापेमारी की कार्रवाई?
द्वितीय प्रवर्तन टीम का नेतृत्व राजेन्द्र कुमार पलसानिया, वैज्ञानिकसी एवं उप निदेशक तथा प्रशांत यादव, वैज्ञानिकसी एवं उप निदेशक द्वारा किया गया. टीम ने आनंद इंडस्ट्रियल एस्टेट, मोहन नगर, गाज़ियाबाद201007 स्थित एक इकाई पर तलाशी अभियान चलाया. कार्रवाई के दौरान 593 ISI चिन्हयुक्त हेलमेट जब्त किए गए. जांच में यह भी पाया गया कि संबंधित इकाई का BIS लाइसेंस समाप्त हो चुका था.
छापेमारी के दौरान दोनों इकाइयों में BIS मानक चिन्ह के दुरुपयोग के मामले पाए गए. विभिन्न ब्रांड नामों से चिह्नित हेलमेटों का निर्माण, भंडारण एवं बिक्री के लिए उपलब्ध कराया जाना BIS अधिनियम, 2016 के प्रावधानों का उल्लंघन पाया गया. संबंधित उत्पादों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जब्त कर लिया गया.
हेलमेट की जांच कैसे करें?
जी. भवानी, वैज्ञानिकएफ, वरिष्ठ निदेशक एवं प्रमुख, गाज़ियाबाद शाखा कार्यालय , भारतीय मानक ब्यूरो , ने बताया कि संबंधित फर्मों के विरुद्ध BIS अधिनियम, 2016 के प्रावधानों के तहतआवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने आगे बताया कि BIS अधिनियम, 2016 की धारा 29 के अनुसार प्रथम उल्लंघन की स्थिति में यह अपराध दो वर्ष तक के कारावास अथवा न्यूनतम ₹2,00,000 के जुर्माने से दंडनीय है. जुर्माने की राशि संबंधित वस्तुओं के मूल्य के दस गुना तक बढ़ाई जा सकती है अथवा दोनों दंड एक साथ दिए जा सकते हैं.
भारतीय मानक ब्यूरो ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे हेलमेट सहित सभी अनिवार्य प्रमाणन वाले उत्पादों की प्रामाणिकता खरीद से पूर्व BIS CARE App के माध्यम से अवश्य जांचें. ISI चिन्ह के दुरुपयोग से संबंधित किसी भी शिकायत की सूचना BIS CARE App, ईमेल gzbo@bis.gov.in अथवा भारतीय मानक ब्यूरो, गाज़ियाबाद शाखा कार्यालय को दी जा सकती है. शिकायतकर्ता की पहचान पूर्णतः गोपनीय रखी जाएगी.
मुख्य बिंदुएं
• गाज़ियाबाद स्थित दो हेलमेट निर्माण इकाइयों पर प्रवर्तन कार्रवाई
• लगभग 1,100 हेलमेट जब्त
• 500 से अधिक हेलमेट बिना वैध BIS लाइसेंस के निर्मित पाए गए
• 593 ISI चिन्हयुक्त हेलमेट समाप्त लाइसेंस वाली इकाई से जब्त किए गए
• दोनों इकाइयों में BIS मानक चिन्ह के दुरुपयोग का मामला उजागर
• BIS अधिनियम, 2016 के अंतर्गत कानूनी कार्रवाई प्रारंभ



